एयर कंडीशनर क्या है इसके प्रकार और किस कंपनी का AC ख़रीदे


AC Full Form In Hindi: इस गर्मी के सीजन में आप भी चाहते हैं कि मैं कैसे अच्छा और सस्ता AC (Air Conditioner) खरीदूँ, किस कंपनी का AC खरीदूं  या फिर AC से जुड़े अन्य सवाल आपके मन में जरुर होंगे. जिनका जवाब हमने इस लेख के माध्यम से देने की कोशिस की है.

आज के इस लेख में हम आपको Air Conditioner क्या है, AC का फुल फॉर्म क्या है, AC काम कैसे करता है, AC के प्रकार, AC के फायदे नुकसान क्या हैं तथा कौन सा AC खरीदें की पूरी जानकारी (Air Conditioner Ki Puri Jankari Hindi Me) प्रदान करने वाले हैं.

अगर आप अपने लिए एक सबसे अच्छा AC खरीदना चाहते हैं और AC के बारे में जानकारी प्राप्त करना चाहते हैं तो इस लेख को पूरा अंत तक जरुर पढ़ें. तो चलिए आपका अधिक समय ना लेते हुए शुरू करते हैं इस लेख को और जानते हैं AC क्या होता है विस्तार से.

एयर कंडीशनर क्या है (What is AC in Hindi)

एयर कंडीशनर जिसे कि Short में AC भी कहा जाता है. AC वातावरण को ठंडा रखने का कार्य करता है. जिस भी जगह में AC लगाया जाता है वहाँ पर का सारा वातावरण ठंडा हो जाता है, यह जगह एक कमरा, ऑफिस या बिल्डिंग भी हो सकती है.

AC का इस्तेमाल गर्मियों के मौसम में किया जाता है. जिस स्थान पर AC लगाया जाता है AC उस स्थान की गर्म हवा को सोखता है और अपने अन्दर लगे Refrigerant और Coils की मदद से ठंडी हवा बाहर निकालता है जिससे उस स्थान की गरम हवा ठंडी में बदल जाती है और उस स्थान का तापमान कम हो जाता है. AC में Freon गैस का उपयोग किया जाता है.

AC का पूरा नाम क्या है (AC Full Form in Hindi)

AC का फुल फॉर्म Air Conditioner होता है जिसे कि हिंदी में वातानुकूलन कहते हैं.

  • AC Full form in English – Air Conditioner
  • AC Full Form in Hindi – वाताकुनुलक

AC का आविष्कार किसने किया

आधुनिक AC का आविष्कार Willis Haviland Carrier ने 1902 ने किया था, उन्होंने ब्रुकलिन शहर के एक कंपनी में पहली बार AC का उपयोग किया था, यह बिजली से चलती थी.वातावरण को ठंडा रखने और गर्मी से बचाव के लिए AC की जरुरत महसूस हुई.

AC कैसे काम करता है (How Does AC Work in Hindi)

AC की पूरी कार्यप्रणाली को समझने के लिए हमें इसके भागों को अच्छे से समझना होगा, इसके भागों के समझने के बाद आप AC की कार्यप्रणाली को भी अच्छे से समझ जायेंगे.

AC के मुख्य भाग

AC में मुख्य रूप से पांच भाग होते हैं जिसके द्वारा वह किसी भी Room को ठंडा करने में सक्षम होता है, और ये सभी पांच भाग निम्नलिखित हैं –

  • Evaporator
  • Compressor
  • Condenser
  • Refrigerant
  • Expansion Valve

चलिए अब AC के पाँच भागों के बारे में एक – एक कर समझते हैं.

एवापोर्टर (Evaporator)

Evaporator AC में कमरे के अन्दर वाले भाग में लगा होता है, यह एक प्रकार का Coil होता है जो गर्म हवा को अन्दर सोखता है और ठंडी हवा को कमरे के अन्दर छोड़ता है.

कंप्रेसर (Compressor)

Compressor AC में कमरे के बाहर वाले भाग में लगा होता है, इसका कार्य हवा को Compress यानि संपीडित या दबाने का होता है. Evaporator से गर्म हवा कंप्रेसर में जाती है और यह उस हवा को कंप्रेस करके आगे Condenser को भेज देता है. एयर कंडीशनर के काम करने में Compressor बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है.

कंडेंसर (Condenser)

कंडेंसर भी AC के कमरे के बाहर वाले भाग में लगा होता है. जब गर्म हवा कंप्रेसर से होकर Condenser में गुजरती है तो यह गर्म हवा को ठंडा करता है.

रेफ़्रिजरेंट (Refrigerant)

Refrigerant जिसे कि Coolant के नाम से भी जाना जाता है, लेकिन इसका वास्तविक नाम Freon है. यह एक विशेष प्रकार का तरह पदार्थ होता है. जब गर्म हवा Refrigerant से गुजरती है तो यह इसे सोख लेता है और गर्म हवा को कमरे से बाहर निकाल देता है.

जब यह गर्म Refrigerant Gas कंप्रेसर से होकर निकलती है तो इसे यहाँ इसे और कंप्रेस किया जाता है जिससे यह और अधिक गर्म हो जाती है और फिर इसे Condenser में भेजा जाता है. Condenser में यह ठंडी होकर तरल में बदल जाती है. इस प्रकार AC की यह पूरी प्रोसेस चलती रहती है.

एक्सपेंशन वाल्व (Expansion Valve)

Expansion Valve, Evaporator में लगा होता है इसके द्वारा हवा एक coil से दुसरे coil में जाती है. जब ठंडा Liquid Expansion Valve से गुजरता है तो यहाँ पर इसका Flow Control करते हुए इसे Evaporator से बाहर निकाल दिया जाता है.

यही Process बार-बार चलती रहती है जब तक कि हमारे द्वारा Set किये हुए Temperature तक ना आ जाये, AC तब तक ये Process जारी रखता है जब तक कमरे की पूरी गर्म हवा ठंडी ना हो जाये.

एयर कंडीशनर के प्रकार (Types of AC in Hindi)

AC मुख्यतः तीन प्रकार की होती है –

#1 – Window AC (विंडो एयर कंडीशनर)

विंडो एयर कंडीशनर यानी Window AC इसके नाम से आपको अंदाजा लग गया होगा।इस प्रकार की  AC को किसी भी कमरे की खिड़की में लगा सकते हैं. यह AC आधी कमरे में ओर आधी खिड़की के बाहर होती है. यदि आपके कमरे में खिड़की नही है तो आप इसे नही लगा सकते. Window AC कीमत Split AC के लगभग ही होती हैं. बड़े बिल्डिंग में अक्सर Window AC का ही इस्तेमाल होता है.

#2 – Split AC (स्प्लिट एयर कंडीशनर)

Split AC एयर कंडीशनर का एक बहुत ही लोकप्रिय प्रकार है. अधिकतर ऑफिस, दुकानों, घरों में Split AC का ही इस्तेमाल किया जाता है. Split AC के दो भाग होते हैं पहला भाग कमरे के अन्दर होता है जो हमें दिखाई देता है और दुसरे भाग कमरे के बाहर या छत पर लगा होता है. यह दोनों भाग एक पाइप लाइन के द्वारा एक दूसरे से जुड़े हुए होते हैं. इसके जरिये बाहर की हवा कमरे में ठंडी होकर आती है.

#3 – Inverter AC (इन्वर्टर एयर कंडीशनर)

Inverter AC का मतलब आपको यह लगता है कि यह एयर कंडीशनर इनवर्टर से चलता है परंतु ऐसा नहीं है आपको जानकारी के लिए बता दे कि यह है इनवर्टर टेक्नोलॉजी पर काम करता है.

जैसे मान लीजिए आपने अपना एयर कंडीशनर 20° डिग्री सेल्सियस तापमान पर सेट कर दिया , अब आपके कमरे का तापमान धीरे-धीरे ठंडा हो करके 20° डिग्री या 19° डिग्री पर आ चुका होगा तब यह Ac बंद हो जाएगा. परंतु यह बिल्कुल बंद नहीं होता इसका कंप्रेसर लगातार काम करता रहता है यानी यह ऑटोमेटिक काम करता रहेगा.

जब आपके कमरे का तापमान बढ़ जाएगा तो AC कंप्रेसर और अधिक काम करने लगेगा और तापमान कम होने पर AC धीरे काम करने लगेगा इससे बिजली की खपत बहुत ही कम होगी और आपको कम बिजली बिल चुकाना पड़ेगा.

हमारी राय में Inverter AC सबसे बेस्ट एयर कंडीशनर है, क्योंकि इससे आपका बिजली का बिल भी कम आयेगा और आप पूरे दिन अपने कमरे को ठंडा कर सकते हैं.

AC में 1 टन, 2 टन क्या होता हैं (What is Ton in AC)

जब भी आप Air Conditioner खरीदने जाते हैं तो आपको दुकानदारी या रिटेलर यह जरूर पूछता है कि 1 टन, 1.5 टन, या 2 टन कौन सी AC आपको खरीदना है? तब आपके मन में कहीं ना कहीं यह सवाल आता होगा कि AC में ये टन क्या है.

चलिए इसका जवाब भी जानते हैं. एसी टन का मतलब होता है AC Capacity यानी AC की क्षमता. जिस AC का टन अधिक होगा उसकी कुलिंग क्षमता भी अधिक होती है. जो 2 टन की AC रहती है वह एक बड़े हॉल को कम समय में ठंडा करने में सक्षम होती है.

यदि आप ज्यादा बड़े कमरे में कम टन यानी 1 टन का एयर कंडीशनर लगाते हैं तो आपको इस कमरे में AC का प्रभाव दिखाई नहीं देगा, और जब प्रभाव दिखेगा तब तक काफी ज्यादा बिजली खपत हो जाएगी.

सही एयर कंडीशनर का चुनाव कैसे करें

Techshole.Com के एक्सपर्ट की राय माने तो आप 100 – 120 वर्ग फुट जगह के लिए 1 टन, और इससे अधिक यानी 120 – 180 वर्ग फिट के लिये 1.5 टन और इससे अधिक जगह हो तो आप 2 टन का AC लगवा सकते हैं. आपकी जानकारी के लिए बता देते हैं कि ज्यादा टन वाला एयर कंडीशनर ज्यादा बिजली USE करता है. और 1 टन के मुकाबले 2 टन का Air Conditioner महंगा भी होता है.

कौन सा AC कम बिजली उपयोग करता है (Which AC Uses Low Power)

अगर आपको पता करना है कि कौन सी AC कम बिजली में चल सकती है तो आपको एसी में स्टार रेटिंग की स्लीप जो प्रोडक्ट पर लगी होती हैं उसे Check करना है.

आपको 3 स्टार से ऊपर ही Air Conditioner खरीदना चाहिए अधिकतम यह 5 स्टार रेटिंग होती है. पर यह थोड़ी महंगी हो सकती हैं. यदि आप कीमत की वजह से कम स्टार रेटिंग की एयर कंडीशनर खरीदेंगे तो आपका महीने का बिल काफी हद तक ज्यादा आएगा.

किस कंपनी का और कौन सा AC ख़रीदे

AC खरीदते समय आपके मन में यह सवाल जरूर आया होगा कि एसी किस कंपनी का Air Conditioner खरीदें? आप एयर कंडीशनर किसी भी कंपनी का खरीद सकते हैं, बस आपको ध्यान में रखना है कि उस कंपनी की सर्विस कैसी है.

साथ ही आप को यह भी पता करना होगा की आपके शहर में उस कंपनी का सर्विस सेंटर है या नही. आप ऑनलाइन या ऑफलाइन कहीं से भी Air कंडीशनर को खरीद सकते हैं बशर्ते उसकी सर्विस और वारंटी अच्छी हो.

अच्छा AC खरीदने के लिए कुछ जरुरी बाते

AC खरीदने से पहले आपको कुछ जरुरी बातों को ध्यान में रखना चाहिए जैसे कि –

  • जहाँ आप AC लगाना चाहते हैं उस कमरे का साइज़ क्या है.
  • कितने लोग AC का उपयोग करेंगे.
  • जिस कमरे में AC लगवाना है वहाँ बिजली के कितने उपकरण चलाये जाते हैं.
  • कमरे में सामान कितना है.

इन जरुरी बातों को ध्यान में रखकर आप अपने लिए एक बेस्ट AC खरीद सकते हैं.

AC का उपयोग करने के लिए कुछ जरुरी बातें

अगर आप चाहते हैं आपका एयर कंडीशनर लम्बे समय तक सुचारू रूप से कार्य करें तो आपको नीचे बताये गए कुछ बातों का ध्यान रखना होगा.

  • एयर कंडीशनर का उपयोग हमेशा इकोनॉमी मोड़ में ही करें इससे आपको बिजली की बचत होगी.
  • एयर कंडीशनर हमेशा 24° डिग्री सेल्सियस से 26° डिग्री सेल्सियस के बीच रखे यह तापमान आपके शरीर और बिजली बचत के लिए बहुत ही कारगर है.
  • Air Conditioner सर्विस समय पर करवाते रहे जिससे यह कुलिंग भी अच्छी देगा और बिजली की बचत भी करेगा.

एयर कंडीशनर के फायदे (Advantage of AC in Hindi)

AC लगाने के अनेक सारे फायदे मिलते हैं. इनमें से कुछ के बारे में हमने नीचे बताया है –

  • गर्मी की मार से बचने के लिए AC एक बहुत अच्छा उपकरण है.
  • AC बिना किसी शोर – शराबे के ठंडक प्रदान करता है.
  • AC का इस्तेमाल करने से ज्यादा Mind Disturb नहीं होता है.

एयर कंडीशनर के नुकसान (Disadvantage of AC in Hindi)

AC के फायदे के साथ – साथ अनेक नुकसान भी हैं,  AC के कुछ नुकसान निम्नलिखित हैं

  • AC से मानव शरीर में नकारात्मक प्रभाव पड़ते हैं. जैसे इससे मोटापा बढ़ता है, त्वचा पर पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है आदि.
  • ज्यादा Comfortable की वजह से मनुष्य आलसी हो जाता है.
  • AC की ठंडक लेने के बाद थोड़ी से गर्मी में जाने पर आप बीमार पड़ सकते हैं.
  • प्रकृति को भी AC के बहुत नुकसान उठाने पड़ते हैं, क्योंकि अन्दर कुलिंग के लिए AC बाहर गर्म हवा छोड़ता है जो कि जहरीली गैस होती है और कई पक्षियाँ इससे मर जाती हैं.
  • अगर आप सामान्य आय वाली नौकरी करते हैं तो AC को लगवाना आपके लिए बहुत महंगा होने वाला है.

FAQ: AC Kya Hai In Hindi

एसी का पूरा नाम क्या है?

AC का पूरा नाम या AC का फुल फॉर्म Air Conditioner होता है.

एसी को हिंदी में क्या कहते हैं?

AC को हिंदी में वातानुकूलित कहा जाता है.

एसी का अबिष्कार किसने किया?

आधुनिक AC का अविष्कारक Willis Haviland Carrier को माना जाता है.

एसी में कौन सी गैस का इस्तेमाल होता है?

एसी में Freon गैस का इस्तेमाल किया जाता है.

निष्कर्ष: एयर कंडीशनर क्या है हिंदी में

आज की इस पोस्ट में हमने आपको AC Kya Hai In Hindi, AC Full Form in Hindi, AC काम कैसे करता है, AC के प्रकार  और AC के फायदे और नुकसानों के बारे में जानकारी प्रदान की है और साथ में ही आपको कौन सा AC ख़रीदे और किस कंपनी का AC ख़रीदे के बारे में भी बताया है.

उम्मीद करते हैं इस ब्लॉग पोस्ट से आपको AC के बारे में उपयोगी जानकारी मिली होगी. अगर आपको यह पोस्ट सही पसंद आई हो तो आप इसे शेयर जरुर करे. साथ ही इस लेख AC (Air Conditioner) Ki Puri Jankari से जुड़े सवाल कमेंट में पुछ सकते है.

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